सेतु आयोग आने वाले दो साल के लिए प्रभावी नीति बनाए : मुख्यमंत्री

उत्तराखंड(देहरादून),बुधवार 24 जुलाई 2024

मुख्यमंत्री ने सेतु आयोग काे कौशल विकास और स्वरोजगार की दिशा में विशेष ध्यान देने के निर्देश देते हुए कहा कि आने वाले दो साल के लिए प्रभावी नीति बनाएं। प्रयास किये जाएं कि राज्य के युवाओं को रोजगार के लिए राज्य से बाहर न जाना पड़े। स्किल डवलपमेंट प्लान और योजनाओं के सरलीकरण की दिशा में विशेष जोर दिया जाए।

मंगलवार को सचिवालय में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नवगठित सेतु आयोग की कार्ययोजना से सम्बन्धित प्रस्तुतीकरण का अवलोकन किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि यह सुनिश्चित किया जाए कि जो भी कार्ययोजना बनाई जा रही है, आगामी 02 सालों में वे पूर्ण रूप से धरातल पर दिखें। उन्होंने जनपदों के विकास के लिए उनकी भौगोलिक परिस्थितियों के अनुकूल विकास की योजनाओं पर कार्य करने के निर्देश दिए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सेतु आयोग के गठन का उद्देश्य राज्य में मजबूत एवं सुदृढ़ नीतियां बनाना, योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू करना, प्रभावी कार्य संस्कृति को विकसित करना, विकास और पर्यावरण में संतुलन बनाते हुए योजनाओं का क्रियान्वयन एवं योजनाओं पर प्रभावी निगरानी रखे जाने के लिए किया गया है। सेतु आयोग ऐसी योजनाओं पर कार्य करे, जिसमें राज्य का समग्र विकास प्राथमिकता में हो।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी विभागों के लिए रिजल्ट ओरिएंटेशन एवं गुड गवर्नेंस आधारित कार्य योजनाओं पर कार्य किया जाए। जरूरतमंद लोगों तक योजनाओं का पूरा लाभ पहुंचे, इसके लिए विभिन्न माध्यमों से योजनाओं का प्रचार-प्रसार किया जाए। प्रचार-प्रसार के लिए सरल तरीके अपनाये जाएं। यदि आवश्यकता हो तो यूजर फ्रेंडली पोर्टल (यूजर फ्रेंडली एप्लीकेशन ) भी बनाए जाए।

उन्होंने कहा कि आम जनता को अपनी योजनाओं के बारे में पता हो,इसके लिए टेक्नोलॉजी का अधिक से अधिक इस्तेमाल किया जाय। उन्होंने कहा कि राज्य में डाटा इको सिस्टम बनाने पर भी कार्य हो, जिससे योजनाओं के आकलन में आसानी हो और विभागों के आउटकम की मॉनिटरिंग भी हो सके।

इस अवसर पर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी, उपाध्यक्ष सेतु राजशेखर जोशी, सचिव आर. मीनाक्षी सुंदरम, अपर सचिव डॉ. विजय कुमार जोगदंडे, नियोजन विभाग के मनोज पंत उपस्थित थे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *